छत्तीसगढ़दुर्ग

सूखा–गीला कचरा प्रबंधन संयंत्रों की स्थापना व उन्नयन हेतु नगर को मिली बड़ी सौगात

🔹 शहर को मिलेगा स्वच्छता का नया आयाम, 8 स्थानों पर ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित होंगे,शहर में जल प्रबंधन व स्वच्छता को नई गति

🔹शहर के आधारभूत ढांचे को मजबूती,जलागार,सड़क व पाइपलाइन कार्यो को मिली करोड़ो की स्वीकृति

🔹मेयर इन काउंसिल की अहम बैठक सम्पन,कई विकास संबधित प्रस्ताव स्वीकृति

दुर्ग – नगर पालिक निगम दुर्ग की मेयर इन काउंसिल (एमआईसी) की बैठक महापौर अलका बाघमार की अध्यक्षता में एवं आयुक्त सुमित अग्रवाल सहित सभी एमआईसी सदस्यों की उपस्थिति में सम्पन्न हुई। बैठक में बारी बारी महत्वपूर्ण एजेंडों पर विस्तृत चर्चा की गई और कई प्रमुख विकास कार्यों को मंजूरी प्रदान की गई।

बैठक में उपस्थित-

एमआईसी सदस्य नरेंद्र बंजारे, देवनारायण चंद्राकर, शेखर चंद्राकर, लीना दिनेश देवांगन, ज्ञानेश्वर ताम्रकर, काशीराम कोसरे, मनीष साहू,शिव नायक, लीलाधर पाल, शशि साहू, नीलेश अग्रवाल,हर्षिका संभव जैन,उपायुक्त मोहेन्द्र साहू,अभियंता अधिकारी विनीता वर्मा,मो सलीम सिद्दीकी,प्रकाशचंद थावनी,सुरेश केवलानी,पंकज साहू, रेवाराम मनु,दुर्गेश गुप्ता,अभ्दय मिश्रा सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

मेयर इन काउंसिल की बैठक में नगर निगम क्षेत्र अंतर्गत नागरिक सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण एवं आधारभूत संरचना के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण स्वीकृतियाँ प्राप्त हुई हैं। वार्ड क्रमांक 04 गया नगर में 1500 किलोलीटर क्षमता के उच्च स्तरीय जलागार के निर्माण कार्य हेतु 15वें वित्त आयोग अनुदान अंतर्गत मिलियन प्लस सिटीज (जल प्रबंधन) योजना के तहत राशि रुपये 199.02 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है।

इसी क्रम में महाराजा चौक से बोरसी चौक तक प्रस्तावित फोरलेन सड़क निर्माण कार्य (लंबाई 1.80 किलोमीटर) के अंतर्गत आवश्यक पाइपलाइन शिफ्टिंग कार्य को स्वीकृति दी गई है। साथ ही मिनीमाता चौक से महाराजा चौक ठगड़ा डेम तक पाइपलाइन शिफ्टिंग कार्य को वर्ष 2025–26 के बजट में सम्मिलित करते हुए इस कार्य हेतु रुपये 439.50 लाख की राशि स्वीकृत की गई है।

इसके अतिरिक्त चण्डी मंदिर से नया पारा मार्ग के चौड़ीकरण एवं पुनर्निर्माण कार्य (लंबाई 0.90 किलोमीटर) के अंतर्गत पाइपलाइन शिफ्टिंग कार्य के लिए रुपये 100.45 लाख की स्वीकृति प्राप्त हुई है।

शहर को मिलेगा स्वच्छता का नया आयाम, 8 स्थानों पर ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित होंगे।स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के अंतर्गत एस.डब्ल्यू.एम. घटक को मिली बड़ी स्वीकृति स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के अंतर्गत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (एस.डब्ल्यू.एम.) घटक के तहत सूखे एवं गीले कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन हेतु संयंत्रों की स्थापना तथा पूर्व से स्थापित संयंत्रों के उन्नयन/विकास एवं आगामी 05 वर्षों के संचालन एवं संधारण कार्य के लिए कुल राशि रु. 1597.69 लाख के कार्य को स्वीकृति प्रदान की गई है।यह स्वीकृति शहर में स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने, कचरे के पृथक्करण एवं वैज्ञानिक निपटान को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।इन समस्त स्वीकृतियों से नगर में जलापूर्ति, सड़क, स्वच्छता एवं नागरिक सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार होगा तथा शहर के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी।

महापौर अलका बाघमार ने बैठक में समस्त एमआईसी सदस्यों से अनुरोध करते हुए कहा कि शहर क्षेत्र में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन हेतु 8 स्थानों का शीघ्र चिन्हांकन कर विभाग में जानकारी उपलब्ध कराई जाए, ताकि निर्माण कार्य जल्द प्रारंभ किया जा सके।

Navin Dilliwar

Editor, thesamachaar.in

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